भागलपुर: बरारी थाना क्षेत्र में सोमवार को तीन बच्चों की मां खुशबू की संदिग्ध मौत ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। मृतक महिला की मौत के पीछे मायके पक्ष ने ससुराल पर हत्या और दहेज उत्पीड़न का आरोप लगाया है, जबकि ससुराल पक्ष इसे आत्महत्या बताता है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और गहन जांच के बाद ही असली सच सामने आएगा।

मायके वालों ने पहुंचते ही ससुराल को घेरा
मंगलवार सुबह लगभग 11 बजे, महिला के मायके वाले कलकत्ता से भागलपुर पहुंचे। उन्होंने ससुराल पक्ष के खिलाफ आरोप लगाया कि खुशबू को लगातार मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना दी जा रही थी। मायके वालों का कहना था कि दहेज की मांग पूरी करने के बाद भी उनकी बेटी के साथ मारपीट और अपमान का सिलसिला जारी रहा।
पिता ने सुनाया दर्दनाक किस्सा
मृतक महिला के पिता मोहम्मद शमी ने बताया कि 2013 में उनकी बेटी की शादी इम्तियाजुल से धूमधाम के साथ हुई थी। शादी के कुछ महीनों बाद ही दहेज की मांग और प्रताड़ना शुरू हो गई। उन्होंने कहा कि एक बार पंचायत भी बुलाई गई और उन्होंने 50 हजार रुपये भी दिए, लेकिन ससुराल पक्ष की हठधर्मिता खत्म नहीं हुई।
पिता ने आरोप लगाया,
“हमारी बेटी तीन बच्चों की मां थी। ससुराल पक्ष का लालच और क्रूरता उसे सहन नहीं हुई। अंततः उसे मौत के घाट उतार दिया गया।”
तीन मासूम बच्चों की मां थी खुशबू
परिवार के अनुसार, खुशबू अपने बच्चों के लिए जी रही थी। पिता और मामी ने बताया कि उसे कई बार धमकाया गया, और मारपीट की गई। इसके चलते परिवार न्याय की मांग कर रहा है।
ससुराल पक्ष का दावा
ससुराल पक्ष ने कहा कि महिला ने फंदा लगाया और यह आत्महत्या का मामला है। हालांकि मायके वालों का कहना है कि प्रताड़ना और मानसिक दबाव के कारण यह हत्या के कगार तक पहुंची थी।
पुलिस जांच तेज
बरारी थाना पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और मामले की गहन जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी ने कहा,
“पोस्टमार्टम रिपोर्ट और सबूतों के आधार पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होगी। किसी भी तरह की जल्दबाजी नहीं होगी।”
इलाके में तनाव का माहौल
मामले की खबर फैलते ही इलाके में तनाव बढ़ गया। लोग पूछ रहे हैं कि कैसे तीन बच्चों की मां को लगातार प्रताड़ित किया गया और उसकी मौत तक का सिलसिला खुला छोड़ दिया गया।
स्थानीय निवासी कहते हैं,
“यह सिर्फ एक मौत नहीं, बल्कि हमारे समाज की कमजोरी और महिलाओं के खिलाफ चल रहे दहेज उत्पीड़न की हकीकत को दिखाती है।”
न्याय की मांग तेज
मायके वाले और परिवार न्याय की प्रतीक्षा कर रहे हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का सच सामने आएगा। परिवार का कहना है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा और कानूनी रास्ते से न्याय लिया जाएगा।







