पटना जिले के बिहटा थाना क्षेत्र में रविवार की शाम तेज रफ्तार ट्रक ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। विशंभरपुर पेट्रोल पंप के पास पैदल चल रहे एक युवक को अज्ञात ट्रक ने कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद चालक ट्रक लेकर फरार हो गया। इस दर्दनाक घटना से आक्रोशित लोगों ने सड़क जाम कर आगजनी की, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।

हादसे में जान गंवाने वाले युवक की पहचान पतसा गांव निवासी अशोक ठाकुर के 30 वर्षीय बेटे अविनाश कुमार के रूप में हुई है। अविनाश मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करता था। अचानक हुई इस घटना से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पत्नी और दो मासूम बच्चों की हालत बेहद खराब है, वहीं पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है।
परिजनों ने बताया कि अविनाश रोज की तरह रविवार की शाम पैदल अपने घर से विशंभरपुर बाजार जा रहा था। इसी दौरान पीछे से आए तेज रफ्तार ट्रक ने उसे जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि अविनाश ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। मृतक के चाचा संजय कुमार ने बताया कि घटना के वक्त सड़क पर आवाजाही और पुलिस की गतिविधि के बावजूद ट्रक चालक आराम से भाग निकला, जो प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है।
घटना की खबर फैलते ही स्थानीय लोगों में गुस्सा भड़क उठा। आक्रोशित ग्रामीणों ने बिहटा–शिवाला मुख्य मार्ग को पूरी तरह जाम कर दिया और सड़क पर टायर व अन्य सामान जलाकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। लोग दोषी ट्रक चालक की गिरफ्तारी, पीड़ित परिवार को मुआवजा और सड़क सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम की मांग कर रहे थे। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस भी हुई।
स्थिति बिगड़ती देख बिहटा थानाध्यक्ष अमित कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने लोगों को समझाने का प्रयास करते हुए भरोसा दिलाया कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। थानाध्यक्ष ने बताया कि यह हादसा अज्ञात ट्रक से हुआ है और उसकी पहचान के लिए आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। पुलिस ने जल्द ही ट्रक और चालक को पकड़ने का आश्वासन दिया है।
पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही पीड़ित परिवार को कानूनी सहायता दिलाने की बात कही गई है। काफी मशक्कत के बाद पुलिस ने लोगों को शांत कराया, जिसके बाद सड़क पर यातायात धीरे-धीरे बहाल हो सका।
इस हादसे ने एक बार फिर बिहटा इलाके में सड़क सुरक्षा और तेज रफ्तार वाहनों पर नियंत्रण को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर समय रहते सख्त कदम नहीं उठाए गए, तो निर्दोष लोगों की जान यूं ही रफ्तार की भेंट चढ़ती रहेगी।







