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बिहार

तेज रफ्तार ट्रक का कहर, शिक्षक की पत्नी की मौत

February 12, 20261 Mins Read
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सारण जिले के एकमा थाना क्षेत्र में दर्दनाक सड़क हादसे ने एक परिवार को गहरे शोक में डुबो दिया। एकमा–परसागढ़ मार्ग पर भुईली गंडक नहर के समीप तेज रफ्तार और अनियंत्रित ट्रक ने बाइक सवार शिक्षक दंपति को पीछे से रौंद दिया। इस भीषण टक्कर में शिक्षक की पत्नी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि शिक्षक गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोग बड़ी संख्या में मौके पर जुट गए।

मृतका की पहचान एकमा थाना क्षेत्र के फुचटी खुर्द गांव निवासी चिंता देवी के रूप में हुई है। उनके पति बलिराम प्रसाद यादव बनियापुर प्रखंड के कोल्हुआ उच्च विद्यालय में सहायक शिक्षक के पद पर कार्यरत हैं। हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। गांव और स्कूल समुदाय में मातम का माहौल है।

घटना के संबंध में घायल शिक्षक बलिराम प्रसाद यादव ने बताया कि वे अपनी पत्नी के साथ आवश्यक घरेलू सामान की खरीदारी करने के लिए एकमा बाजार गए थे। खरीदारी के बाद दोनों बाइक से घर लौट रहे थे। शाम का समय था और सड़क पर सामान्य आवाजाही बनी हुई थी। वे सावधानीपूर्वक अपनी लेन में चल रहे थे कि तभी पीछे से तेज गति में आ रहे एक ट्रक ने अचानक बाइक को जोरदार टक्कर मार दी।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक दूर जा गिरी और दोनों सड़क पर गिर पड़े। चिंता देवी ट्रक की चपेट में आ गईं और उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। वहीं बलिराम प्रसाद यादव गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे की आवाज सुनकर आसपास के लोग तुरंत दौड़ पड़े। कुछ लोगों ने घायल शिक्षक को संभाला, जबकि अन्य ने पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी।

स्थानीय लोगों की तत्परता से घायल शिक्षक को तत्काल एकमा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। वहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया, लेकिन हालत गंभीर देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए छपरा सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। फिलहाल उनका इलाज चल रहा है और उनकी स्थिति नाजुक बताई जा रही है।

उधर, एकमा थाना पुलिस भी सूचना मिलते ही घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए छपरा सदर अस्पताल भेज दिया। हादसे के बाद ट्रक चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। पुलिस ने ट्रक को जब्त कर लिया है और चालक की तलाश शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि वाहन के रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर चालक की पहचान की जा रही है और जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और तेज रफ्तार वाहनों की समस्या को उजागर कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि एकमा–परसागढ़ मार्ग पर अक्सर भारी वाहनों की तेज रफ्तार से दुर्घटनाएं होती रहती हैं। बावजूद इसके, यातायात नियमों के पालन को लेकर सख्ती नहीं बरती जाती। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि इस सड़क पर नियमित जांच अभियान चलाया जाए और स्पीड कंट्रोल के उपाय किए जाएं।

गांव फुचटी खुर्द में जैसे ही चिंता देवी की मौत की खबर पहुंची, परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पति-पत्नी दोनों सामान्य जीवन जी रहे थे और घर-परिवार की जिम्मेदारियां निभा रहे थे। किसी ने कल्पना भी नहीं की थी कि एक साधारण खरीदारी की यात्रा इस तरह दुखद अंत में बदल जाएगी।

कोल्हुआ उच्च विद्यालय में भी शोक का माहौल है। सहकर्मियों और छात्रों ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। विद्यालय प्रशासन ने कहा कि बलिराम प्रसाद यादव एक समर्पित शिक्षक हैं और उनकी पत्नी की असामयिक मृत्यु बेहद दुखद है। शिक्षकों ने प्रशासन से मांग की है कि दोषी चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले में प्राथमिकी दर्ज की जा रही है। ट्रक चालक पर लापरवाही से वाहन चलाने और गैरइरादतन हत्या की धाराओं के तहत केस दर्ज होगा। साथ ही यह भी जांच की जाएगी कि ट्रक की रफ्तार कितनी थी और चालक नशे में तो नहीं था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और तकनीकी जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

यह हादसा केवल एक परिवार की त्रासदी नहीं है, बल्कि समाज के लिए भी एक चेतावनी है। सड़क पर थोड़ी सी लापरवाही किसी की जिंदगी छीन सकती है। विशेषकर भारी वाहनों के चालकों को अधिक जिम्मेदारी और सतर्कता की आवश्यकता होती है। यातायात नियमों का पालन, निर्धारित गति सीमा का अनुसरण और वाहन की नियमित जांच बेहद जरूरी है।

फिलहाल पुलिस फरार चालक की तलाश में जुटी है। परिजनों की मांग है कि आरोपी को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर कड़ी सजा दी जाए, ताकि भविष्य में कोई और परिवार इस तरह के दर्द से न गुजरे। इस हृदयविदारक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है और हर किसी के मन में यही सवाल है कि आखिर सड़क पर इस तरह की लापरवाही कब रुकेगी।

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